मनोरंजन

सोच ही नहीं, संवेदनाओं को भी झकझोरता है उपन्यास रूममेट्स

रूममेट्स एक ऐसी लड़की की कहानी है जो यूपी के एक गांव से देश की राजधानी दिल्ली पहुंचती है और मीडिया के क्षेत्र में अपना करियर बनाना चाहती है। READ MORE +

इलाहाबाद के रंगकर्मियों ने खेली मंच पर होली

कहते है कलाकार का सबकुछ उसकी कला ही होती है,और शायद हर पर्व को वो अपनी कला के माध्यम से या अपने साथियों के साथ मनाने में ज़्यादा खुशी महसूस करता है।कुछ इसी तरह का नज़ारा देखने को मिला इलाहाबाद के उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र के प्रेक्षाग्रह मे जहां रंगकर्मियों ने अपने साथियों के साथ होली खेल कर खुशिया बाटी,इलाहाबाद की संस्था और कोलकाता से आई एक संस्था का नाटक हुआ और बेहतरीन प्रस्तुति के बाद इलाहाबाद के रंगकर्मी भी कहा पीछे रहने वाले थे,बुनियाद फाउंडेशन के सदस्य भी मंच पर पहोच गए ओर अबीर,गुलाल लगा कर साथी कलाकारों के साथ खुशियों का इज़हार किया।बुनियाद फाउंडेशन के सचिव असगर अली ने कहा उन्हें हर पर्व अपने रंगकर्मी साथियो के साथ मनाना पसंद है ईद हो या बकरीद होली हो या दीवाली हर फेस्टिवल अपने साथियों के साथ मना कर ही उन्हें खुशी मिलती है।अंकित सिंह यादव ने सभी कलाकारों को रंग लगा कर उनको बधाई दी,रुचि गुप्ता ने कहा कि एक रंगकर्मी के लिए इससे ज़्यादा खुशी की बात नही हो सकती की उसका पर्व मंच पर मनाया जाए।वही इमरान खान पामेला ने कहा कि इससे ज़्यादा क्या मिसाल दी जाए की होली वाले दिन भी कलाकार अपने घर से दूर यहा नाटक करने आये जिससे ये पता चलता है कि एक कलाकार अपने कला को लेकर कितना डेडिकेटेड होता है।वरुण कुमार ने कलाकारों की अच्छी प्रस्तुति को इस पर्व का तोहफा होना करार दिया।इस मौके पर अकृत अनि,समेत कई शहर के रंगकर्मी उपस्थित रहे। READ MORE +

.दिव्यांग बच्चों की होली, देश प्रदेश और विदेश से आये दिव्यांग बच्चों

अगर हौसला बुलन्द हो तो कुछ भी हो सकता है, यह मिसाल कायम किया है इलाहाबाद में विकलाँग बच्चो ने । विकलांग बच्चों की होली खेलते देख सभी लोग दंग रह गये । मौका था होली के बहार का, होली के गीतों की धुन पर थिरकते और एक दूसरे को अबीर गुलाल लगाते यह विकलांग बच्चे मानो पूरी दुनिया को होली के रंग में डूबा देना चाहते हैं। और पूरी तरह से जश्न में डूबे हुए है। इलाहाबाद के मशहूर डॉक्टर जीतेंद्र कुमार जैन के नेतृत्व में सरेबल पॉलिसी और अन्य दिव्यांग बच्चों के उत्साहवर्धन के लिए होली मिलन समारोह रखा गया। समारोह के दौरान बच्चे सभी ने जमकर रंग गुलाल उड़ाए और समाज को सौहार्द का संदेश दिया। अभिभावको के साथ बच्चों ने जमकर होली खेली । होली में विदेशी बच्चो ने भी जम कर होली खेली और रगों से अपने आप को सराबोर कर लिया।सरेबल पॉलिसी के इलाज के लिए अफ्रीका से आई पाच साल की जूलियन और उनकी मां भी इस समारोह में शामिल हुई और लोगो के बीच आकर्षण का केंद्र बनी रही। एंजेला ने कहां जब अपने मुल्क वापस लौटेगी तो इस त्योहार को वहां जरूर मनाऊँगी । इस होली मिलन समारोह में मुस्लिम समुदाय से जुड़े लोगो ने भी बढ़चढ़ के हिस्सा लिया। आजमगढ़ से आयी शाज़िया का कहना है कि इस तरह के आयोजन से बच्चो में आत्मबल आता है।इस समारोह में सरेबल पालिसी से पीड़ित मासूम बच्चों और अभिभावकों ने जम कर जश्न मनाया। READ MORE +

.दिव्यांग बच्चों की होली, देश प्रदेश और विदेश से आये दिव्यांग बच्चों

अगर हौसला बुलन्द हो तो कुछ भी हो सकता है, यह मिसाल कायम किया है इलाहाबाद में विकलाँग बच्चो ने । विकलांग बच्चों की होली खेलते देख सभी लोग दंग रह गये । मौका था होली के बहार का, होली के गीतों की धुन पर थिरकते और एक दूसरे को अबीर गुलाल लगाते यह विकलांग बच्चे मानो पूरी दुनिया को होली के रंग में डूबा देना चाहते हैं। और पूरी तरह से जश्न में डूबे हुए है। इलाहाबाद के मशहूर डॉक्टर जीतेंद्र कुमार जैन के नेतृत्व में सरेबल पॉलिसी और अन्य दिव्यांग बच्चों के उत्साहवर्धन के लिए होली मिलन समारोह रखा गया। समारोह के दौरान बच्चे सभी ने जमकर रंग गुलाल उड़ाए और समाज को सौहार्द का संदेश दिया। अभिभावको के साथ बच्चों ने जमकर होली खेली । होली में विदेशी बच्चो ने भी जम कर होली खेली और रगों से अपने आप को सराबोर कर लिया।सरेबल पॉलिसी के इलाज के लिए अफ्रीका से आई पाच साल की जूलियन और उनकी मां भी इस समारोह में शामिल हुई और लोगो के बीच आकर्षण का केंद्र बनी रही। एंजेला ने कहां जब अपने मुल्क वापस लौटेगी तो इस त्योहार को वहां जरूर मनाऊँगी । इस होली मिलन समारोह में मुस्लिम समुदाय से जुड़े लोगो ने भी बढ़चढ़ के हिस्सा लिया। आजमगढ़ से आयी शाज़िया का कहना है कि इस तरह के आयोजन से बच्चो में आत्मबल आता है।इस समारोह में सरेबल पालिसी से पीड़ित मासूम बच्चों और अभिभावकों ने जम कर जश्न मनाया। READ MORE +

"जितने लब उतने अफसाने"

उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र में बुनियाद फाउंडेशन संस्था की ओर से नाटक "जितने लब उतने अफसाने"पावर्ड बाई वैभव हौंडा का मंचन किया गया। जिसमें प्यार के विभिन्न पहलुओं को छूने की कोशिश की गई।नाटक में दिखाया गया कि किस तरह से प्यार करने वालों को समस्याओं का सामना करना पड़ता है और समाज की सोच प्यार को लेकर आज भी नहीं बदली है,जो कि समाज के लिए बहुत खतरनाक है। कलाकारों ने अपने अभिनय कौशल के जरिए दिखाया कि दो प्यार करने वालों के बीच में समाज के लोग किस तरह दिक्कत और परेशानियां पैदा करते हैं और अंत में उन्हें आत्महत्या करने की नौबत आ जाती है।प्यार के हर अनछुए पहलुओं को छूते हुए इस नाटक ने दर्शकों की खूब वाहवाही बटोरी और सभी का दिल जीत लिया। दर्शकों से खचाखच भरा ऑडिटोरियम तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। नाटक में महिला की भूमिका में रुचि गुप्ता और पुरुष की भूमिका में असगर अली ने अपने अभिनय की छाप छोड़ी जिसका मार्गदर्शन डॉ.विधु खरे दास व निर्देशन अंकित सिंह यादव ने किया। सह निर्देशन पूजा शर्मा का था। इसके साथ ही संगीत पूजा शर्मा, संजीत कुमार प्रकाश परिकल्पना सुजॉय घोषाल, विशेष सहयोग वरुण कुमार मधु प्रियदर्शनी,आकांक्षा वर्मा का था। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि समाज सेवी सचिन यादव थे तथा विशिष्ट अतिथि के रुप में राजू भैया,श्री प्रमोद कुमार सिंह, चंद्रशेखर यादव,जावेद अहमद आदि लोग उपस्थित थे। इस मौके पर पूर्व पार्षद श्री अहमद अली व श्री हीरालाल यादव ने अतिथियों का स्वागत किया कार्यक्रम में सहयोग श्री वैभव होंडा,तंदूर रेस्टोरेंट,स्टाइलो मेंस वियर, इलाहाबाद मंत्रा,शर्मन एरा म्यूजिक इंस्टिट्यूट का रहा। READ MORE +

दिलों को छू जाएगा "जितने लब उतने अफ़साने"का मंचन

प्यार को शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता और ना ही इसकी कोई परिभाषा है।इसे तो सिर्फ महसूस किया जाता है।जी हां चूंकि हम बात कर रहे हैं प्यार की तो यह भी कहना ग़लत नहीं होगा कि प्यार का सप्ताह वैलेंटाइन वीक को कहते हैं।इस हफ्ते प्यार करने वालो में ख़ासा उत्साह देखा जा सकता है।अगर हम इस बार के वैलेंटाइन वीक की बात करें तो,इलाहाबाद की प्रतिष्ठित सांस्कृतिक संस्था "बुनियाद फाउंडेशन ग्रुप"लेकर आ रहा है अपना नया थिएटर प्ले "जितने लब उतने अफ़साने"पावर्ड बाई वैभव हौंडा जो कि 14 फरवरी शाम 6:30 बजे इलाहाबाद के NCZCC ऑडिटोरियम में होगा ।इस प्ले के अभिनेता असगर अली ने बताया कि उनका यह नाटक प्यार को लेकर समाज की सोच पर आधारित है,जिसे छत्तीसगढ़ के लेखक श्री अख़तर अली द्वारा लिखा गया है और इलाहाबाद में इसका यह पहला मंचन है।जिसका निर्देशन अंकित सिंह यादव ने किया है तथा सह-निर्देशन पूजा शर्मा का है। इस नाटक में प्यार के हर अनछुए पहलुओं को दिखाया गया है और समाज में प्यार को लेकर एक पॉजिटिव सोच लाने की कोशिश की गई है।श्री अली का कहना है कि यह नाटक दर्शकों पर खासा प्रभाव छोड़ेगा क्योंकि इसकी कहानी सभी के दिलो को छूने वाली है और पूरी टीम ने बहुत मेहनत की है।नाटक की अभिनेत्री रुचि गुप्ता का कहना है कि अगर इस नाटक के माध्यम से हम एक व्यक्ति की भी प्यार को लेकर नकारात्मक सोच को सकारात्मक सोच में बदल देंगे तो यह उनके लिए बहोत बड़ी उपलब्धि होगी। निर्देशक अंकित सिंह यादव ने बताया कि इस नाटक के लिए निशुल्क पास रखा गया है,ताकि हम अपनी प्रस्तुति को ज़्यादा से ज़्यादा दर्शकों तक पहुंचा सके।नाटक के सह-निर्देशन के साथ-साथ संगीत संयोजन कर रही पूजा शर्मा का कहना है कि इसे एक म्यूजिकल प्ले बनाने की कोशिश की गई है ताकि यह सभी के दिलों को छू सकें।"इलाहाबाद मंत्रा" से खास बातचीत के दौरान "जितने लब उतने अफ़साने के टीम ने सभी से इस शो में आने की अपील की है।कार्यक्रम में सहयोग तंदूर रेस्टोरेंट,स्टाइलो मेंस वियर, शरमेन एरा म्यूजिक इंस्टीटूट ने किया है। READ MORE +

फिल्म जगत के जगमगाते सितारे शशि कपूर का निधन

लगभग तीन हफ्तों से अस्पताल में थे भर्ति READ MORE +

जल बिहार महोत्सव की सांस्कृतिक संध्या

बाराबंकी के विकास बोखर ने'इस महंगाई में कन्हैया यदि आयेंकही,सच कहता हूं, रोटी दालमार डालेगी। पंक्ति पेश की जो खूब सराही गई। READ MORE +

अंजलि श्रीवास्तव ने अपने फ्लैट फांसी लगाई

इलाहाबाद जिले के मीरापुर (शास्त्री नगर) की रहनेवाली थी READ MORE +

बच्चों ने पूल पार्टी में जमकर मस्ती की

दी लिट्ल्स स्मार्ट प्री स्कूल जॉर्ज टाउन में चल रहे समर कैंप का शनिवार को समापन हो गया READ MORE +